फिटनेस का मतलब स्वस्थ रहना और अपने शरीर के प्रति अच्छा महसूस करना है। मैं सबसे फिट व्यक्ति नहीं हूँ, लेकिन मैं सही रास्ते पर बने रहने और लगातार नई चीजें सीखने की कोशिश करता हूँ। इस पोस्ट पर आपको स्वास्थ्य टिप्स, लोकप्रिय उत्पादों की समीक्षा, झटपट बनने वाली सेहतमंद रेसिपी, वर्कआउट टिप्स, प्रेरक पोस्ट मिलेंगे ।

New Post

15 अगस्त 2026

10 गुना तेजी से ब्रम्हचर्य नाश की भरपाई - वीर्यवान और ऊर्जावान बन जाओगे।(पूरी जानकारी)

वीर्य नाश की भरपाई कैसे करें?

          अक्सर ऐसे मैसेजेस आते हैं की भैया ज्यादा मास्टरबैशन करने की वजह से शरीर में बहुत कमजोरी महसूस होती है, कुछ काम करने का मन नहीं करता, नेगेटिव थिंकिंग होती है। इससे बहार कैसे निकले, तो देखो सच यही है की डायबिटीज, ब्लड प्रेशर ये सब समस्याएं के बारे में तो लोग आराम से बात कर लेते हैं। लेकिन यह एक ऐसी समस्या है जिसके बारे में लोग बात करने से हिचकिचाते हैं। लेकिन आजकल 18-20 साल के बच्चों की यह बहुत बड़ी समस्या बनी हुई है। जिसका उन्हें कोई समाधान नहीं समझ आता। लेकिन समाधान है, पक्का है और इस पोस्ट में हम उसी की ही बात करेंगे। ऊपर से आयुर्वेद में ऐसे फूड्स ऐसी औषधियां बताई गई हैं जिनके योग से वीर्य नाश की भरपाई बड़ी जल्दी होती है।

वैसे कुछ लोगों के लिए यह छद्म-वैज्ञानिक (pseudoscientific) है और उसका कारण भी बनता है। क्योंकी यह एक ऐसा विषय है जिस पे आयुर्वेद और आधुनिक विज्ञान का 36 का आंकडा है। आधुनिक विज्ञान तो कहती है की मास्टरबैशन करना प्राकृतिक है, शरीर की जरूरत हैं, बलकी हर हफ्ते करो दिमाग शांत रहेगा। मास्टरबैशन करने के बाद फायदे बताने वाले बहूत से आर्टिकल्स मिल जाएंगे आपको। लेकिन आयुर्वेद के हिसाब से वीर्य नाश मतलब शरीर का नाश। ये विषय थोडा विवादित है। लेकिन मेरा अनुरोध है की आप एक बार थोडे खुले दिमाग से पढो उसके बाद भले ही ना मानना आपका क्या जाता है। वैसे कोशिश तो करूंगा की आपको समझा सकूं, क्योंकि इस चिज के बारे में मै सिर्फ किताबे पढ के या इधर-उधार से सुनके नही कह रहा बलकी मैंने खुद इसे जीवन में आझमाया है और इसके जबरदस्त फायदे देखे है। मैं चाहता हूं की वह फायदे आप भी महसूस करें और मेरा कोई मकसद नहीं फिर भी मन ना मने तो आप इस पोस्ट को यहीं पढना बंद कर दो। लेकिन अगर आप थोड़े भी इच्छुक हो तो आओ यार जानकारी लेते हैं।

नमस्कार दोस्तों स्वागत है, स्वदेशी माहिती ब्लॅाग में। मास्टरबैशन या सेक्स करने के बाद जो लिक्वीड निकलता है, उसे वीर्य कहते हैं।

1)अब पहला सवाल तो यही उठता है की वीर्य को क्यों बचा के रखें, इससे होगा क्या?

          तो दोस्तों, बात यह है की चाहे वह पुरुष हो या महिला। लेकिन जब भी वीर्यपात होता है, तो उसमें सिर्फ शुक्राणु या अंडाणु ही बहार नहीं निकलते। उसके साथ-साथ शरीर की सबसे जीवनी ऊर्जा भी निकल जाती है और ये ऊर्जा ऐसा नहीं है की सिर्फ आपके निचले अंगों में ही होती है। बलकी यह शरीर की हर नस-नाडियों में जीवनी शक्ति के रूप में मौजूद रहती है। आप ऐसे समझो की आँखें तो हैं, लेकिन आंखों की जो रोशनी है वो यही शक्ति है। कान तो है, लेकिन कानों को सुनने की शक्ति इसी से ही है। यह शक्ति ना रहे, तो हमारे कान-नाक किस काम के। इसी शक्ति से हमारे शरीर के हर अंग के हर एक कोशिकाओं को ताकत मिलती है और इसी से ही हमारे दिमाग में आत्म बल(will power), आत्मविश्वास, सकारात्मक विचार और रचनात्मकता का निर्माण होता है।

जैसे आधुनिक विज्ञान में हेल्थ के तीन स्तंभ है आहार, नींद और व्यायाम। उसी तरह से आयुर्वेद में भी तीन स्तंभ हैं योग, निद्रा और आहार। लेकिन यह तीन स्तंभ जिस आधार पर खड़े हैं उसका नाम है ब्रह्मचर्य। लोग सिर्फ इमारतों को देखते हैं। लेकिन इमारत की असली ताकत उसका आधार होता है। जैसे कोई इमारत कितनी भी मजबूत क्यों ना हो लेकिन अगर उसका आधार कमजोर है, तो वह आज नहीं तो कल गिर ही जायेगी। उसी तरह से अगर जीवन में ब्रह्मचर्य नहीं, संयम नहीं तो हेल्थ की इमारत आज नहीं तो कल गिर ही जायेगी। कुछ महीने इस जीवनी शक्ति को बचा के रखो। देखो कैसे चेहरे पर चमक आती है, अपनी उम्र से कम दिखने लगोगे। आयुर्वेद में तो ऐसा लिखा गया है की जैसे किसी लकड़ी के घर को जला दिया जाए, तो उसके बाद वह कैसा दिखेगा? वैसा ही वीर्य नाश करने वाले इंसान का चेहरा हो जाता है अंदर से वह चमक वो कांति चली जाती है। आपने कभी सोचा है की पुरे दिन इतनी भागदौड़ करने के बाद भी आप उतना नहीं थकते जितना एक बार वीर्य नाश करने के बाद थक जाते हो। एक बार के लिए तो ऐसे लगता है, जैसे सारे शरीर की ऊर्जा बहार निकाल ली हो होता भी ऐसा ही है। हमारे भारत के सिद्ध संतों इस बात को बडी बखूबी जाना है।

संत श्री प्रेमानंद जी महाराज ने कहां,
          "आप बताइये की जीवनी शक्ति वीर्य जो एक मन(37 kgs) खाना खाने के बाद एक बार बच्चा पैदा करने की सामर्थ वाला वीर्य अंदर आता है और हमारे शरीर में कहीं वीर्य की थैली नहीं है, कहीं भी नहीं है। जैसे पित्त की थैली होती है वैसे वीर्य की थैली थोडी है। एक मनोवाह नाडी है। जब हम कामवासना या गंदे विचार करते है, तो वो नाडी रक्त को खींच लेती है। जिस समय हम काम वेदना और चेतना से युक्त होते हैं। वो मंथन करके पुरे शरीर से जब वीर्य शक्ति शरीर से निकलेगी तो पुरी नाड़ियों में तना होगा और वो शक्ति बहार। ये हस्तमैथुन खोखला कर देता है, हड्डी तक की शक्ति निकाल देता है। कमर दर्द होना, माथा दर्द होना, ज्यादा विचार करने की समर्थ ना रह जाना, याददाश्त ना रह जाना। आज पशुता बढ़ गई है।"

वही जब इस ऊर्जा शक्ति को बनाए रखते हैं शरीर के अंदर, तो उससे शरीर में ऐसा जोश रहता है की बताया नहीं जा सकता। बस अनुभव किया जा सकता है। जैसे बाबा रामदेव है। एक बार उनकी बिजनेस और पॉलिटिकल साइड को अलग रखते हुऎ। वैसे एक व्यक्ति के रुप में उनके उत्साह और उनकी फिटनेस को देखो। आज भी हमारे भारत के रेस्टलर्स को उनके प्रशिक्षक मजबुती और स्टेमिना के लिए ब्रह्मचर्य का ही सप्लीमेंट सुझाव देते हैं। स्वामी विवेकानंद, रामकृष्ण परमहंस, भगवान बुद्ध जीजस सभी ने वीर्य रक्षा के फायदों को खूब प्रकाशित किया है।

2)भाई फिर भी आधुनिक विज्ञान(modern science) नहीं मानती, तो हम कैसे मान ले?

          भाई आधुनिक विज्ञान अभी भी विकसीत कर रही है। 1970-80 के दशक में यही आधुनिक विज्ञान कहती थी की फॅट खाने से शरीर में फॅट बढ़ता है। आज कह रही है की फॅट खाने से शरीर में फॅट कम होता है। कुछ साल पहले तक आधुनिक विज्ञान कहती थी की रोज अगर शराब का एक पेग लगा लो, तो सुरक्षित है हेल्थ के लिए। आज कह रही है की शराब की कोई भी मात्रा सुरक्षित नहीं है। इसलिए कोई बड़ी बात नहीं की यही विज्ञान आज से 50 साल बाद कह दे की वीर्य रक्षा के तो बहुत जबरदस्त फायदे हैं। तब आपको लगेगा की यार पहले ही मान लेते।

3)भाई मैंने तो सुना है की महीने में 21 बार मास्टरबैशन करने से प्रोस्टेट कैंसर का खतरा कम होता है?

          अरे भाई मत करो अपने शरीर का कबाड़ा। वैसे जहां एक स्टडी कहती है की मास्टबैशन करने से प्रोस्टेट कैंसर का खतरा कम होता है। वहीं 2008 में एक स्टडी ये भी है जो लोग 20-30 साल की उम्र में ज्यादा मास्टरबैशन या सेक्स करते हैं, उन्हें प्रोस्टेट कैंसर का खतरा बढ़ता है। फिर सात अलग-अलग ऐसी स्टडीज भी हैं, जो कहती हैं की प्रोस्टेट कैंसर का मास्टरबैशन से कोई खास कनेक्शन नहीं है। बात वही है, विज्ञान रोजाना विकसित कर रही है। वैसे पश्चिम के कुछ वैज्ञानिक, कुछ डॉक्टर्स थोड़ा-थोड़ा मानने भी लगे हैं की वीर्य रक्षा से शरीर और दिमाग की शक्ति बढ़ती है। वैसे वो कहते हैं ना प्रत्यक्ष को प्रमाण की जरूरत नहीं होती। आप में से कितने लोगों ने वीर्य रक्षा करके देखा है और उसके कमेंट्स खुद बताते हैं की इसके कितने फायदे हैं।

4)मैं तो शादी-शुदा हूं तो मैं और मेरी पत्नी ब्रह्मचर्य की फायदे कैसे ले सकते हैं?

          एक पत्नी और एक पति व्रत धर्म का पालन करने वाले को अखंड ब्रह्मचारी तो नहीं लेकिन ब्रह्मचारी ही माना जाता है। लेकिन हाँ, शादीशुदा जिंदगी में संयम जरूरी है। ऐसा नहीं की मजे के लिए बार-बार इस शक्ति का प्रयोग किया जाए। शास्त्रों के हिसाब से तो वीर्य का प्रयोग सिर्फ संतान उत्पत्ति के लिए ही किया जाना चाहिए। लेकिन उतना तो आज के समय में करना मुश्किल होगा। इसलिए आयुर्वेद में बहुत साफ-साफ बताया गया है की 15-20 दिन में एक बार सिर्फ अपनी पत्नी के साथ संभोग करने वाले को ब्रह्मचर्य के ही फायदे मिलेंगे।

5)चलो अगर मान भी लेन की इससे कुछ फायदा होगा लेकिन दिक्कत तो वही है, अब तो आदत पड गई है मास्टरबैशन करने की नियंत्रण(control) कैसे करें?

          अगर आपको सच में विश्वास हो जाए की वीर्य नाश से नुकसान होता है और इसे बचा के रखने से फायदा है, तो समझो आधा काम हो गया। बस कुछ बातें ध्यान रख लो।

(i)कभी खत्म न होने वाला (NEVER ENDING):

          सबसे पहली चीज जो समझनी बहुत जरूरी है, वो यह की आप कितना भी मास्टरबैशन कर लो आपको कभी भी संतुष्टी नहीं होगी। मतलब ऐसा कभी नहीं कहोगे की बस भाई बहुत मजा आ गया अब और जरूरत नहीं। बलकी यह ऐसी चीज है की जितना करोगे उतना ही और मन करेगा। यह एक आग है इस में जितना घी डालते जाओगे, उतनी ही और बढ़ती जायेगी। वहीं अगर आप आग में घी डालना बंद कर दो तो थोड़ी देर तो आग जलेगी, लेकिन फिर बुझ जायेगी। उसी तरह से मास्टरबैशन छोड़ने के बाद कुछ दिन तो अंदर आग लगी रहती है करने की। लेकिन अगर आपने खुद को रोक लिया, तो देख लेना धीरे-धीरे खुद ही उतना मन नहीं करेगा। इसलिए कहते हैं की सुरू-सुरु में जरूर थोड़ा सा मन को पक्का करना पडता है, लेकिन बाद में आसान हो जाता है।

(ii)कामुक भावनाएं कुछ समय के लिए होती है(SEXUAL URGES ARE TEMPORARY):

          दूसरी बात यह समझ लो की काम वासना की भावनाएं कुछ समय के लिए होती हैं। जैसे सोचो की सुबह आपकी निंद खुली और मन कह रहा है की मास्टरबैशन कर लेते हैं, फिर नहा के तैयार हो जाऊंगा। लेकिन आपने मन की बात नहीं मानी और आप एकदम से बिस्तर से उठ के नहाने चले गए। फिर तयार होके क्या देखते हो की अभी बिलकुल भी मन नहीं कर रहा मास्टरबैशन करने का। उस वक्त कोई कह भी दे की मास्टरबैशन कर लो, तो आप कहोगे नहीं यार अब मन नहीं है। बस यही फंडा है। काम वासना की भावनाएं आएंगी। लेकिन उनसे परेशान होने की जरूरत नहीं। हमेशा याद रखना की वो कुछ ही समय की होती हैं। अगर आपने उस वक्त अपने आप को किसी तरह उन भावना में बहने से बचा लिया, तो थोड़ी देर बाद वह खुद ही चले जाएंगे।

सोचो एक छोटा बच्चा। जिसे अभी सही गलत की पहचान नहीं, वो अपने माता-पिता की उंगली पकड़े के बाजार में घूम रहा है। इधर-उधर देख के ज़िद करता है की मुझे यह चाहिए वो चाहिए। लेकिन उसके माँ-बाप वही चीज दिलवाते है जो उनके बच्चे के लिए सही है। बस आप का यही मन वही छोटा बच्चा है और आपकी उसने उंगली पकडी हुए है। अब जब तक आप मंजूरी नही देते, तब तक इस मन की हिम्मत नहीं की वह चीज खुद ले ले। जैसे सोचो आप अकेले बैठे हो रूम में अरे तु अकेला है, घर वाले बहार गए हैं, बहुत अच्छा मौका है याद कर वह फीलिंग कितना मजा आता है कर ले। दो मिनट का ही तो काम है। लेकिन आप उस वक्त इस ना समझ बच्चे की बात ना मानो और कमरे से बहार निकल के पार्क में चले जाओ। आप देखोगे की जो मन में भावनाएं उठी थी, वो अपने आप ही चली जायेगी। बस ऐसे ही करना है। जब भी ऐसी कोई परिस्थिती बने, तो उस वक्त अपने आप को मन से अलग सोचना है। उसकी बात ना मानो या उसकी बात को अनदेखा करते जाओ। बस वो फिलिंग चली जायेगी। ऐसे कुछ दिन ही करना पड़ेगा। फिर जब आपके मन को पता चल गया की यह बंदा तो बहुत ही जिद्दी है, मानता ही नही। फिर वो आपके काबू में आने लगेगा ट्राय करना, बहुत ही काम की कला है।

(iii)खुद को व्यस्त रखें (STAY BUSY):

          तीसरी बात जो इस में आपको बहुत मदत करेगी, वो है खुद को व्यस्त रखना। आपने देखा होगा की जो लोग नियमित मास्टबैशन करते हैं अगर वह भी किसी काम में बहुत व्यस्त हो जाए ,तो भूल ही जाते हैं की मास्टरबैशन करना था। जैसे एक विद्यार्थी जो वैसे तो हफ्ते में दो-तीन बार करता है। लेकिन परीक्षा आए, तो पढ़ने में इतना व्यस्त हो गया की 15 दिन बिना मास्टरबैशन किए निकल गए। स्वामी दयानंद सरस्वती जी से किसी ने पुछा था की "क्या आपको काम वासना के विचार नहीं परेशान करते?" तो उन्होंने कहा था की "हाँ, ऐसे विचार मेरे दिमाग के दरवाजे पर दस्तक जरूर देते हैं। लेकिन उन्हें अंदर आने का मौका ही नहीं मिलता, क्योंकी मैं हमेशा किसी ना किसी काम में व्यस्त रहता हूं।" इसलिए अपना दिनचर्या ही ऐसा बना लो की इस बारे में सोचने का भी मौका ना मिले। पुरे दिन इतनी मेहनत करो की रात को बस लेटते ही निंद आ जाए।

(iv)कोंटेंट (CONTENT):

          चौथी बात यह है की कोंटेंट(content)। दोस्तों जिस तरह की बातें आप सुनोगे, पढोगे, देखोगे और बोलोगे उसी तरह के विचार ही आपको आएंगे। हमारा दिमाग एक स्पंज की तरह है। जैसे स्पंज को साफ पानी में भिगो दे, तो साफ पानी को अपने अंदर खींच लेगा और अगर इसे गंदे पानी में भिगो दो, तो गंदे पानी को अपने अंदर सोख लेगा। लेकिन गंदे पानी में डालने के बाद यह उम्मीद नहीं कर सकते की इस में से साफ पानी निकले। तो अभी ये आपको चुनना है की आप अपने दिमाग रुपी स्पंज को साफ पानी में डुबोना चाहते हो या गंदे पानी में। क्योंकी अगर आप उस तरह की फिल्में देखोगे, दोस्तों से उस तरह की बातें करोगे, इंस्टाग्राम पे लड़कियों की प्रोफाइल में जा जा के ताकोगे और फिर सोचोगे की मैं वीर्य रक्षा कर लुंगा तो ये असंभव जैसा ही है। दोस्तों यह समजलो की आपका अवचेतन मन आपके चेतन मन से कहीं गुना ज्यादा शक्तिशाली है। जो भी आप देखते-सुनते हैं, वह जा के आपके अवचेतन मन(दिमाग) में इकट्ठा हो जाता है। फिर उसी तरह की विचारों से आपको भर देता है। इसलिए पोर्न मत देखो, अरे कुछ नहीं है पोर्न में बिलकुल झूठ है, अस्सल सेक्स में भी मजा नहीं आएगा अगर पोर्न की ज्यादा आदत पड गई। लडकीयो की ऐसी-तेसी रिल्स, वीडियो सामने आये तो उन्हें उसी वक्त नॅाट इंटेरेस्टेड कर दो। आपकी यूट्यूब, इंस्टाग्राम और बाकी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स की फीड ऐसी होनी चाहिए की आपको उस तरफ जाने ही ना दे। मोटी-मोटी बात यही है की जितना हो सके अपने आप को उस तरह के कंटेंट से बचा के रखो। अच्छे विचारों वाली वीडियोस देखो। फिर जैसे गंदे पानी के गिलास में कोई साफ पानी डालता जाए, तो अंत में ग्लास में सिर्फ साफ पानी ही रह जाता है। वही आपके साथ भी होगा।

6)भाई मैंने कुछ दिन से पोर्न देखना छोड़ दिया, मास्टरबैशन करना छोड़ दिया, लेकिन फिर भी नाइट फॉल होता है?

          कुछ दिन महीने तक ऐसा होना बिलकुल साधारण है। तवे पे रोटी सेकने के बाद गैस बंद कर दी जाए तब भी तवा थोड़ी देर तक गरम रहता ही है। ये वही अवचेतन दिमाग के विचार है जो किसी ना किसी तरह से बहार आ रहे है। आप फिकर ना करो अगर आप उस तरह की फिल्में नही देखते, मास्टरबैशन नही करते तो कुछ महीने बाद ही अपने आप ही कम हो जाएगा।

7)भाई मास्टरबैशन ना करो तो नाइट फॉल तो हो ही जाता है, तो फायदा क्या हुआ?

          बहुत फायदा हो गया। लेकिन क्योंकी आधुनिक विज्ञान ये कहती है की अगर नहीं करोगे तो नाइट फॉल तो हो ही जाएगा, तो इससे बढ़िया कर ही लो। इसलिए हम ऐसा सोचते हैं। लेकिन दोस्तों नाइट फॉल और मास्टरबैशन में बहुत फरक है। नाइट फॉल आप देखना, पानी पानी सा होता है और उसमें वीर्य की मात्रा काफी कम होती है। भारत के सिद्ध-संतों ने इस बात को जाना है की नाइट फॉल में जीवनी शक्ति वैसे नहीं निकलती, जैसी खुद हाथ से करने के बाद निकलती है। संत श्री प्रेमानंद जी महाराज ने कहाँ, "श्री परमहंस स्विंकारानंद सरास्वती से जब हमारा नैतिक ब्रह्मचर्य का समय था 17-18 वर्ष के तो उन्होंने कहा था की अपने हाथ के द्वारा कोई क्रिया या किसी कुसंग के द्वारा कोई क्रिया ना हो और स्वाभाविक ऐसे तो जैसे दाल में उफान निकल जाता है। ऐसे वो वीर्य का उफान होता है ना की वो ब्रह्मचर्य नष्ट माना जाता है।"

इस बात का थोड़ा सबूत के तौर पे आप खुद भी ध्यान दे सकते हो। जैसे आपने देखा होगा की मास्टरबैशन करते हुऎ अगर वीर्यपात किसी कपडे पे हो जाए, तो थोडी देर बाद वह कपडा कठिन हो जाता है वीर्य के वजह से। लेकिन नाइट फॅाल के बाद अपने अंडरवियर को सुखने रख दो, देखना वो बिलकुल कठिन नहीं होगा। इसलिए नाइट फॉल अगर कभी हो भी जाए तो कोई दिक्कत नहीं।

8)भाई मैं जब मास्टरबैशन करता हूं, तो अंत में बिलकुल रोक लेता हूं, जिससे वीर्यपात नहीं होता तो क्या यह वीर्य रक्षा माना जाएगा?

          अरे भाई बहुत हानिकारक है ये तो इससे बढ़िया तो कर ही लो। ये वीर्य रक्षा नहीं बलकी इससे तो प्रोस्टेट कैंसर का खतरा बढ़ता है, बिलकुल ना करें ऐसा।

9)भाई बहुत वीर्य नाश किया है, क्या खाऊं की वीर्य नाश की भरपाई हो जाए?

          पहले तो यह समझो की जैसे घड़े को भरना हो। लेकिन उसके नीचे छेद हो तो फिर चाहे जितना मर्जी पानी डालते रहो, वह भरेगा नहीं। उसी तरह से वीर्य नाश की भरपाई करने के लिए सबसे पहले इस छेद को बंद करना होगा। मतलब वीर्य नाश नहीं करना। उसके बाद अगर आप कुछ ऐसे फूड्स और औषधियों को लोगे तो बहुत फायदा होगा। खाने में भी जितना पौष्टिक खाओगे उतना ही वीर्य जल्दी और गाढ़ा बनेगा।

(i)प्राकृतिक मीठे चीजें (NATURAL SWEET FOODS):

          जितनी प्राकृतिक मिठी चीजें होती है वो वीर्य को बढाने में सबसे ज्यादा असरदार है। जैसे पक्का हुआ केला, खजुर, आम, चिकू।

(ii)दूध से बनी चीजें (DIARY PRODUCTS):

          इस के बाद मिल्क प्रोडक्टस दूध, दही, पनीर, मख्खन, खोया ये सब जल्दी वीर्य बढाते है। सर्दियां आ रही है गाजर का हलवा रोज खाओ, हफ्ते में दो-तीन बार खीर खाओ, खोए की बर्फी घर पे बना लो। फिर दालें खाओ, खास तौर पर काली उडद की दाल सबसे ज्यादा वीर्य वर्धक होती है।

(iii)सब्जियां (VEGETABLES):

          सब्जियों में बात करें तो भिंडी, अरबी, कटहल और शक्करकंदी वीर्य को बढ़ते हैं।

10)भाई कोई सप्लीमेंट्स बता दो?

          आयुर्वेद में वीर्य वर्धक औषधियों का भंडार है। इनमें से मैने तीन चीजेन चुनी है। जिसे पुरूष और स्त्री दोनों ही ले सकते हैं। पहली चीज बहुत असरदार है। दूसरी उससे ज्यादा असरदार है और तीसरी सबसे ज्यादा असरदार है। लेकिन पहली सबसे साधारण भी है।

(i)अश्वगंधा और शतावरी (ASHWAGANDHA AND SATAVARI):

          अश्वगंधा और शतावरी की एक-एक टैबलेट आपको रात को गुनगुने दूध के साथ लेनी है। इसकी जगह आप आधा-आधा चम्मच अश्वगंधा चूर्ण और शतावरी चूर्ण भी ले सकते हो। लेकिन टेस्ट की वजह से वो थोड़ा मुश्किल होगा। इसलिए एक-एक गोली ले लो। बहुत ब्रांडस बनाते हैं। किसी भी विश्वसनीय ब्रांड की ले लो। दोस्तों, अश्वगंधा और शतावरी का जो योग है यह वीर्य नाश की बहुत जल्दी भरपाई करता है। तीन महीने लगातार लो, बिना ब्रेक के देखना कितना फायदा होगा।

(ii)शिलाजित(SHILAJIT):

          फिर दुसरा है शिलाजित। आजकल शिलाजित का शुद्ध हिमालयन शिलाजित काफी कंपनिया बनाने लगी है। ये शिलाजित कैप्सूल से ज्यादा असरदार होता है। उसके साथ एक छोटा सा चम्मच आता है। बस उस चम्मच पर थोड़ा सा लेकर चाट लो और ऊपर से दूध पी लो। आयुर्वेद में ऐसा कहा गया है की माचिस की तिल्ली पे जो मसाला लगा होता है। बस उतनी शिलाजित लेनी चाहिए एक बार में। शिलाजित टेस्टेस्टेरोन को बढ़ाती है। यह बात तो आधुनिक विज्ञान भी साबित कर चुकी है। बाकी इससे मानसिक मजबूती, स्पर्म काउंट, महिलाओं में बांझपन होना, पचाशौ फायदे हैं इसके। सर्दियां आ रही हैं। यह अच्छा मौका है इसे लेने का।

(iii)चार जडी-बूटियों का नुस्खा (FOUR HERBS REMEDY):

          फिर तीसरा सबसे असरदार है। चार जबरदस्त वीर्य वर्धक औषधियों का योग अश्वगंधा, शतावरी, सफेद मुसली और कौंच बीज चारों पाउडर के रूप में बढ़िया आसनी से आपको मिल जाएंगे। मैंने अंत में सुविधा के तौर पर भी लिंक दे दिया है। चारों को समान मात्रा में लेना है। जैसे 50 ग्राम अश्वगंधा, 50 ग्राम शतावरी, 50 ग्राम सफेद मुसली और 50 ग्राम कौंच बीज और इस में 200 ग्राम धागे वाली मिश्री का पाउडर मिला दो। बस आपका सप्लीमेंट तयार है। फिर इसका एक चम्मच रोज सोने से आधा-एक घंटा पहले हल्के गुनगुने दूध के साथ ले लो। अगर पाउडर लेना मुश्किल लगे तो चारों जडी-बूटियाँ की अलग-अलग टैबलेट कैप्सूल भी मिल जाएगा। एक-एक सबकी मतलब चार गोलियां दूध के साथ ले लो।

11)भाई क्या ये तीनों एक साथ ले सकते हैं?

          अरे इतनी जल्दी भी मत करो। एक टाइम पे इनमें से कोई एक सुरू करो। उसे तीन महीने लगातार लो फिर बदल दो। जैसे देखो सर्दियां आ रही हैं, तो इस वक्त आप शिलाजित सुरू कर सकते हो। तीन महीने लगातार शिलाजित लो। फिर तीन महीने बाद चार जडी-बूटियाँ का मिश्रण ले लेना। उसके तीन महीने बाद अश्वगंधा शतावरी ले लेना। इसी तरह से करोगे तो बहुत फायदा रहेगा।

12)मैं दूध नहीं पीता तो क्या पानी के साथ ले सकता हूं?

          वैसे तो दूध के साथ यह चीजे ज्यादा असरदार होती हैं। फिर भी अगर आप नहीं पीते तो कोई बात नहीं। पानी के साथ ले लो और देखो सिर्फ इन सप्लीमेंट्स पे ही निर्भर मत होना। इस में कोई शक नहीं की यह बहुत असरदार है। लेकिन साथ में हेल्दी आहार बनाए रखना। शरीर से भी और दिमाग से भी।

दोस्तों इन सभी औषधियां , हेल्दी आहार, नियमित रूप से अपने आप को व्यस्त रख के दिनचर्या का पालन कर के आप वीर्य जल्दी बढा सकते है और मानसिक, शारीरिक तौर पे स्वस्थ रह सकते है। दोस्तों यह पोस्ट आपको सहयोगी लगी हो, तो कृपया हमारे पेज स्वदेशी माहिती को फोलो जरूर करे। शुक्रिया।

FOOD AND PRODUCTS RELATED IN THE POST (NOT SPONSORED):
CHIA SEED POWDER - https://link.amazon/B08pw2ORt
SHILAJIT RESIN (OPTION 1 RS.950/20g) - https://link.amazon/B05pOf89D
SHILAJIT RESIN (OPTION 2 RS.960/25g) - https://link.amazon/B03s2eZJM
FOUR POTENT HERBS COMBO (OPTION 1) - https://link.amazon/B00jxPQse
FOUR POTENT HERBS COMBO (OPTION 2) - https://link.amazon/B0g0PGouG
ASHWAGANDHA TABLES - https://link.amazon/B0f8cwu4f
SATAVARI TABLES - https://link.amazon/B0h0G0nam
A2 GHEE (OPTION 1) - https://link.amazon/B01OU0fKd
A2 GHEE (OPTION 2) - https://link.amazon/B05Hht6fw
DATES (OPTION 1) - https://link.amazon/B0a8MOZ8B
DATES (OPTION 2) - https://link.amazon/B0aXTBbNn
JAGGERY - https://link.amazon/B01t4gGDJ
JAGGERY POWDER - https://link.amazon/B0i4fgeci
THREAD MISHRI (OPTION 1) - https://link.amazon/B0b2TMq67
THREAD MISHRI POWDER - https://link.amazon/B07haHSzp


हमारे स्वदेशी माहिती के ब्लाॅग पोस्ट :
पेट साफ करने का अचूक उपाय (Constipation Solution)
Night Fall कैसे रोकें? कारण, घरेलू उपाय और 4 गलतियां जो आपको तुरंत सुधारनी चाहिए
सर्दी-खांसी और जुकाम का सबसे आसान घरेलू इलाज:Cold and Cough Ultimate Solution
5 Foods जिन्हें आप हमेशा गलत तरीके से खाते आए हैं (जानिए सही तरीका!)

कोई टिप्पणी नहीं:

एक टिप्पणी भेजें